तुम कहते होतुम मर्द होनहीं.....तुम नहीं होतुम रोते नहीं होतुम बिलखते नहीं होहां....तुम अपनी संवेदनाओ को मार करदुनिया की दिखावटी हंसी हंसने वाले पुतले होहां तुम मर्द नहीं हो।