नादान दिल

गुज़ारेंगे यारा तेरे साथ हर पल 

भूल जाते है शिकवे जो किए थे कल 

नादानी में हम कर गए वो भूल 

जो ना लिए आपका दिया हुआ फूल 

साजिदा