चलो पहल करें
एक कदम तुम बढ़ाओ ,एक कदम हम बढ़ाएँ ।
कुछ गिले तुम भुलाओ ,कुछ शिकवे हम भुलाएँ ।
यादों के गुल तुम खिलाओ ,ख़ुशियों के गुल हम खिलाएँ ।
राहों से काँटे तुम हटाओ ,राहों में फूल हम बिछाएँ ।
सफ़र ये ज़िंदगी का है हसीन ,आओ मिलकर करे उसे रंगीन ।
निराशा में आशा की किरण भरें ,चलो मिलकर पहल करें ।
साजिदा

