एक हारा हुआ प्रेमी,
और एक हारा हुआ कवि,
ईश्वर का प्रतिबिंब है,
ईश्वर जीत और उल्लास में जितना है,
उससे कई गुना ज्यादा,
वो हार और उदासी में है,
इसीलिए हर जगह से हारने के बाद,
जब तुम दर्पण में स्वयं को देखोगे,
तुम्हें, अपने साथ कोई और भी दिखाई देगा,
ईश्वर तुम्हारा साथी है,
संघर्ष में, पतन में और मुक्ति में..!!


