शाम से आँख में नमी सी है's image
0486

शाम से आँख में नमी सी है

ShareBookmarks

शाम से आँख में नमी सी है

आज फिर आप की कमी सी है

दफ़्न कर दो हमें कि साँस आए

नब्ज़ कुछ देर से थमी सी है

कौन पथरा गया है आँखों में

बर्फ़ पलकों पे क्यूँ जमी सी है

वक़्त रहता नहीं कहीं टिक कर

आदत इस की भी आदमी सी है

आइए रास्ते अलग कर लें

ये ज़रूरत भी बाहमी सी है

Read More! Learn More!

Sootradhar