अक्स's image

अक्स

नज़्म

कभी झील में रात को चाँद का अक्स देखा है

इक बेहद ख़ूबसूरत मुजस्समा लगता है

कभी लहरों के आग़ोश मे छुपता है तो कभी साहिल से लिपट जाता  है

इस कश्मकश मे भी हर शब झील को चाँद का इंतज़ार रहता है

अभय ‘अवधी’

USA

Events

Community Leader

Abhay

A Kavishala Author
...Read more

Members (0)