वो होली,वो जज़बात,रंगो से होती वो बात
होली के रंग की छाप,यादों में अब भी हैं।
सब के संग कल की काल मे घुले वो रंग
उड़ते गुलाल,उमंग, यादों में अब भी हैं।
ढ़ोल की हर थाप,थिरकते मन की वो बात
दिल से सब का साथ,यादों में अब भी हैं।
वो होली,वो जज़बात,रंगो से होती वो बात
होली के रंग की छाप यादों में अब भी हैं।


