Poetry 1 min read 805.8K reads

मायूसी


नींद , रात , आंसू और बातेंयाद , ख़्वाब और वहीं किताबें

खिड़की पर मायूसी ले ,इक दिन में कितने बरस बीता दें

— vishal patidar
Read more Earn more Learn more