गुलाब मेकाँटे कितने भी क्यों न हो,पर सबकी बेइंतहा चाहतउसी से होती हैं।बिल्कुल वैसे हीजैसे मेरे लिए तुम❤️©किरमन
गुलाब मेकाँटे कितने भी क्यों न हो,
पर सबकी बेइंतहा चाहतउसी से होती हैं।
बिल्कुल वैसे हीजैसे मेरे लिए तुम❤️
©किरमन