
मैंने तो बहुत छुपा के रखा दुख
पर आँखों ने बता ही दिया छलक छलक के
बाते चाँद तारों की करते रहे हम
आईना जुगनुओं ने दिखा दिया चमक चमक के
बड़ी गहरी नींद लगी थी बहुत दिनों बाद
परेशानियों ने उठा दिया मुझे थपक थपक के
खुशीयों से अभी सामना नहीं हुआ
वो
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