जिंदगी की डगर
बड़ी मुश्किल थी मगर,
दर्द में भी हमनें हँस के गुज़ारी है।

 यूँ तो तमन्ना रही
मौत की उम्र भर,
मगर अब भी जीने की बेक़रारी है।