सदियों से बेसबब थपेडे खा रही है इस जिस्म की सीपी, इस बात से बेपरवाह की रूह का मोती तो तेरे गले में पहना आया था में इक रोज.. जबकि मुझे ये खबर भी नहीं की वो अब भी तेरे गले में है या खो गया-