जिनके पसीने से लथपथ थे पग वहीं है पिता हमारेजिनके रक्त से उज्ज्वल हुआ जग वहीं है पिता हमारेपिता स्वयं शिव, नारायण, ब्रह्मा के अवतार में पधारेजिनके होने से ही संसार जगमग वहीं है पिता हमारे।।
जिनके पसीने से लथपथ थे पग वहीं है पिता हमारेजिनके रक्त से उज्ज्वल हुआ जग वहीं है पिता हमारे
पिता स्वयं शिव, नारायण, ब्रह्मा के अवतार में पधारेजिनके होने से ही संसार जगमग वहीं है पिता हमारे।।