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दहशत की रातें!


है काटनी अभी उम्र लम्बी,यानी कि दहशत की रातें है लम्बी।

मेरे संग मेरी नींद भी जागती है,यहाँ रात में रात है और लम्बी।

— विक्की आनन्द (कैप्टेन)
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