साथ तुम्हारा
साथ तुम्हारा देना है ,
कुछ साथ तुम्हारा पाना है |
पत्थरों के इस शहर में ,
एक कांच का घर बनाना है ||
रब ने कुछ रिश्तों को बनाया है ,
जिन्हे इस जन्म में निभाना है |
एक नाम तुम्हारा लिखना है ,
एक नाम हमे बन जाना है ||
तुम रूठ के मुझसे ना जाओ ,
मुझे साथ तुम्हारा पाना है |
तुम लौट के वापस आ जाओ ,
मुझे हमसफ़र तुम्हे बनाना है ||