तरस चूका हु तेरी एक आवाज की खातिर जो मुझे इतना सुनाती थी जो अब खामोश है तुझको नींद नहीं आती थी मेरे बगैर ,
लेकिन अब तू मेरी एक गलती की वजह से तू क्यु खामोश है
ये कैसी मजबुरी है तू क्यु खामोश है मीलो की दूरी है तू खामोश है
वो कौनसी चीज़ है जिसने तुझे जकड रखा है जो तू खामोश है और हमारे दिलो मे दुरी है इन्तजार मे हू तेरे तू क्यु खामोश है
भूख प्यास से मर चूका हु और कितना सताएगी कुछ तो बात कर बहुत दिन हो गये
तू क्यु खामोश है तू क्यु खामोश है


