रूठ कर एक शाम जब बो चले गये,
हम भी कुछ देर खुश हो गए। 
रोज कहते थे चले जाओ मेरी जिंदगी से रह लेंगें तेरे बिना,
उन रोज रोज के तानो से उभर गए। 
पर यह खुशी कुछ पल ही रही , उनके चले जाने के  चंद लम्हों के बाद हुआ अहसास की उनकी कमी खल गयी।