मौन में ही नाद है
जब प्रभु का अहसास है।
निष्क्रियता में ही नृत्य है
जब प्रभु का अहसास है।
सुषुप्ति में ही जागृति है
जब प्रभु का अहसास है।
प्रभु के नाम का मानसिक जाप ही
प्रभु का अहसास है।


मौन में ही नाद है
जब प्रभु का अहसास है।
निष्क्रियता में ही नृत्य है
जब प्रभु का अहसास है।
सुषुप्ति में ही जागृति है
जब प्रभु का अहसास है।
प्रभु के नाम का मानसिक जाप ही
प्रभु का अहसास है।