मैंने देखा है

लाखों सपनो को एक साथ टूटते।

जो टूट कर नंगे पैर सड़को पर बिखरे हैं,

कंधो पर अपने भविष्य को बैठाए वे

उन टूटे सपनो को अब गाँव में जोड़ने के लिए आगे बढ़ गए है।

मैंने देखा है

उनकी भूख और नींद को खत्म होते

जो रोटियों के रूप में पटरी पर पड़ी है

और जिन्हें तुम्हारी वफादारी की ट्रेन ने हमेशा के लिए नष्ट कर दिया।

मैंने महसूस की है

उन बच्चों की पीड़ा

जो एक अच्छे भविष्य के हकदार थे

पर तुम्हारे राजा ने उसे चौपट कर दिया।

क्या तुमनें इसे देखा या महसूस नही किया

नही!

बिल्कुल तुमको ये दिखेगा ही नही 

क्योकि तुम्हारा पेट भरा है 

और आँखों पर वफादारी का चश्मा लगा है।