बात ये नहीं है कि अपना दिल तोड़ बैठे हैं
कभी किसी से कही कुछ बातें निभा न पाये दर्द इसका है
वो हमें गलत समझे इसका हक उनको है
मगर आंधियों से बचने के लिए झुकना जरूरी है
हाथों का छूटना आसान नहीं है किसी के लिए
पर शाखों का अपनी जड़ो से अलगाव भी तो आसान नहीं
फिर इन सब दुनियादारी की बातों में
उस बात का खो जाना जो सिर्फ दो के बीच थी
लाजमी है ‼️
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© श्रीवास्तव_गौरव


