धरती माता के वीरों का बलिदान ना व्यर्थ जाएगा,
तूने हमको समझा है क्या अब तू भी मुक्के खाएगा |
खामोशी को कायरता समझने की भूल तू कर बैठा ,
किस बात का है गुमान तुझे क्यों रहता है इतना ऐठा |
लेने बदला तुझसे हर एक बच्चा खून बहाएगा,
वन्दे मातरम में है कितना दम ये तू भी जान जाएगा |
गर्व है हर हिन्दुस्तानी को भारत का लाल ना रोया था,
देश की आन बचाने खातिर तिरंगे में वो सोया था |
ऐ वीर तुझे साल है तुझपे ये दिल कुर्बान है,
तुझ जैसे वीर सपूतों से भारत की आन बान शान है |
खून तेरा बहा है सरहद पर कैसे मै भूल पाऊगा,
जब दिल रोया था मेरा भी उस मा को क्या समझाऊंगा |
फ़र्ज़ अपना निभाने को सीने में गोली खाता है,
सलाम हर उस मा को जो इन वीरो की जन्मदाता है |
सलाम हर उस मा को जो इन वीरों की जन्मदाता है |
जय हिन्द


