ज़िन्दगी से जो मिला है आजतक कुछ नहीँ हमको गिला है आजतक।   जो ग़लत हैं उनको मेरा  शुक्रिया कुछ सही मनको सिला है आजतक।   एक डोरे में पिरोई सारी दुनिया कुछ नहीँ तन का किला है आजतक।   ऐसे दर पर भूल कर मत जाइए जिस जगह आँसू मिला है आजतक।