नारी वह जो बेटी है, जो सब की राजदुलारी है
नारी वह जो बहन है, जो भाई को प्राणों से प्यारी है
नारी वह जो पत्नी है, जिसका पावन सुंदर चरित्र है
नारी वह जो मां है, जिसका आंचल गंगा सा पवित्र है
नारी वह जो मां दुर्गा का ममता रूपी भंडार है
नारी वह जो दुष्टों के लिए काली मां का अवतार


