दिल-ए- गम की खुशियां बस इतनी सी है।

तुम आंखों के सामने रहो,चाहत बस इतनी सी है।।


उम्र भर साथ मेरे तुम रहो या ना रहो,

एक नजर भर के देखूं तुम्हें, बात बस इतनी सी है।


वो मांगते हैं बयान इश्क का, अब हम क्या दर्ज कराएं।

एक दिल ही था पास मेरे, जिसकी धड़कन भी अब उसकी है।।


मसले तो बहुत है दिल के रोने के,

बस तुम्हें देख कर मुस्कुराएं, ये बात क्या थोड़ी सी है।।