कोई तो गीत गावों रेंकोई बाँसुरी बाजारों रेंआज स्वर्णिम दिन हैं आयाभारत माँ को सजावो रेंमाँ भारती के भाल परबिन्दी हिंदी की लगावो रें
कोई तो गीत गावों रेंकोई बाँसुरी बाजारों रें
आज स्वर्णिम दिन हैं आयाभारत माँ को सजावो रें
माँ भारती के भाल परबिन्दी हिंदी की लगावो रें