1 min read 798.9K reads

आईना


असली खुशी तब मिलती है ,जब रोज़- रात आईने से पूछू-"क्या तू संतुष्ट है ? "और बिना झिझकबिना पलक झपकजवाब मिले -" हाँ , मैं संतुष्ट हूँ ।"

Read more Earn more Learn more