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कुदरत का खेल

Shikha SinghShikha Singh September 26, 2021
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कुदरत भी अक्सर अजीब खेल खेलता है

किसी को मिला देता है तो

किसी को जुदा कर देता है,

किसी की कहानी अमर कर देता है

किसी की कहानी तबाह कर देता है,

किसी को भर भर के देता है वो खुशियां

किसी को भरके गम के पिटाले दे देता है,

तरसते है लोग मगर खेल को वो जारी रखता है,

कुदरत भी अक्सर अजीब खेल खेलता है,

किसी को दुनिया भर की दौलत दे देता है,

शोहरत दे देता है,<

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