बड़ी बन जाना's image
Poetry1 min read

बड़ी बन जाना

Shikha SinghShikha Singh March 2, 2023
Share0 Bookmarks 59341 Reads1 Likes

भटकु गर मैं रास्ता तो राह दिखाना तुम

छोटी हो तो क्या हुआ कभी बड़ी बन जाना तुम,

जानती हो भूलने की आदत है मेरी

हरकदम पे मेरा यूं ही साथ निभाना तुम,

तेरे होने से मुश्किल भी लगती है हल्की

No posts

Comments

No posts

No posts

No posts

No posts