घने कोहरे को चिड़ते हुए आफ़ताब अपने बाट पर निकला ही था। मैं दैनिक क्रियाकलाप से निवृत होकर घर के परिसर में बैडमिंटन खेल रहा था। दिसंबर के कड़ाके की सर्दी में मेरे पास शरीर में ऊष्मा के लिए इससे बढ़कर कोई और विकल्प ना था।

  एक - एक , दो - एक , कॉर्क नेट के नीचे से आया या ऊपर से , इन सब बहस के बीच एक ऑटो रिक्शा मेरे घर के सानिध्य सड़क पर रेंगते हुए आ रही थी। हम सब उस रिक्शा को देखने को रुक गए। उस रिक्शे से आवाज़ आ रही थी - माताजी! , बहन जी ! , भाईसाहब ! हमारे संगठन की ओर से आने वाले विवाहपंचमी को २१ गरीब कन्याओं का सामूहिक विवाह कराया जाएगा। आप सब धान , चावल , मकई या अपने इच्छा अनुसार मुद्रा दान करके इस पुण्य का सहभागी बन सकते है । हर दानकर्ता का नाम हॉर्न में पुकारा जाएगा।

  

 ' रोज़ का यही नौटंकी है , गांव नहीं बदलने वाला है ' यही बड़बड़ाते हुए मेरे सारे साथी वापस खेलने चले गए। किन्तु मैं बड़े उत्साहित होकर दान कर रहे अपने गरीब बस्ती के लोगों को देखता रहा।

 

" हरखू पासवान को १ किलो धान दान करने के लिए कोटि कोटि धन्यवाद। हरखू का परिवार सुखी रहें, हरखू के टोलावाले सुखी रहे" माइक से आवाज़ आयी। हरखू का सीना चौड़ा था , हो भी क्यों ना ? आज किसी कन्या के विवाह के लिए उसने दान जो किया था। अब वो भी अपने मालिक के सामने सीधा खड़ा हो बोलेगा कि वो भी लोककल्याण के लिए कुछ करता है। दान लोग भलाई के लिए कम दिखावे के लिए अधिक करते है।  

 रिक्शा इसी तरह जोगिंदर, नवल और कई अन्य का नाम लेता बढ़ रहा था। दान करने के लिए २१ रुपया और दो मक्का का बाली लिए हुए रिक्शे के सामने एक बूढ़ी महिला आई। रिक्शा वाले ने पूछा - " नाम बताओ, अम्मा!" । अम्मा का उत्साहित मन शांत हो गया। वह सोचने लगी कि मैं इस रिक्शे वाले को क्या नाम बताऊं? बस्तीवाले तो ' बलिराम की अम्मा ' बताते है, छोटू के दोस्त ' छोटू की दादी ' पुकारते है । जब मैं ब्याह होकर आई तो ' नयकी कनियां' , फिर 'नयकी काकी' और आज 'नयकी दादी ' हो गई हूं। किसी ने मेरा नाम पुकारा कहां? मेरी नाम मेरी पहचान है क्या? 

' नाम बताओ, अम्मा!' सुनकर अम्मा चौंक गई। उसने दबे आवाज़ में कहा - ' बलिराम की अम्मा बोल दो , बेटा!' ।

 रिक्शा वाला बलिराम की अम्मा की जय कहता हुआ आगे बढ़ गया। अम्मा अपनी पहचान खोजती हुई घर के आंगन में जाके बैठ गई। मैं भी अपने कार्य में लग गया। तभी पीछे से आवाज़ आई - ए कुशहर वाली कनियां !!