माथे पर इक सिन्दूर का टीकाटिके पर इक छोटी सी बिंदियादूर दराज से आई है वोजलाने, एक छोटा सा दीयामंदिर की चौखट पे बैठीमनो भाव से पूजन करतीहाथों में इक जान लिएमन को ईश्वर को अर्पन करती
माथे पर इक सिन्दूर का टीकाटिके पर इक छोटी सी बिंदिया
दूर दराज से आई है वोजलाने, एक छोटा सा दीया
मंदिर की चौखट पे बैठीमनो भाव से पूजन करती
हाथों में इक जान लिएमन को ईश्वर को अर्पन करती