मैं मौसम लिखता हूं 

    तुम बारिश मत लाना

मैं मासूम दिखता हूं

    पर तुम धोखा मत खाना


मैं चेहरा पढ़ता हूं

  तुम सामने मत आना 

मैं हीरे जड़ता हूं

   पर तुम जौहरी मत लाना


मैं लोहे पिघलाता हूं

     तुम खंजर मत लाना

मैं बाहर ही रहता हूं

 तुम दरवाजा मत खटखटाना

               ✍️shail