ये हमें क्या हो गया तुमसे मिलते-मिलते,
वजूद अपना खो दिया तुमसे मिलते-मिलते।
अपनी ही खबर रही न सुध बची कोई दीं के सफर में
साध को जैसे मिल गया ख़ुदाया तुमसे मिलते-मिलते।
~Hilal


ये हमें क्या हो गया तुमसे मिलते-मिलते,
वजूद अपना खो दिया तुमसे मिलते-मिलते।
अपनी ही खबर रही न सुध बची कोई दीं के सफर में
साध को जैसे मिल गया ख़ुदाया तुमसे मिलते-मिलते।
~Hilal