जबान का कोई "मजहब" नहीं होता

न ही हिंदू होती है और न ही मुसलमान

न ही सरहदों में तकसीम होती है

जबान तो उसकी है जो बरत ले

जैसे ग़ालिब-ओ-मीर की जबान

जैसे तुलसी-ओ-कबीर की जबान

अगर फिर भी तुम्हें लगता है कि

जबान का कोई मजहब होता है

तो फिर बताओ खुसरो की क्या जबान है

हिन्दू है या मुसलमान है ???


ayan_saab