तुम अक्सर कहा करती थीइन पुरानी बातों कोयाद करके बहुत हँसा करोगेकई महीने बीत गएसाल होने को आया हैमुझे उन बातों परअब भी हँसी नहीं आती हैमगर हाँमुस्करा लिया करता हूँकभी-कभी ।