कुछ टूटे अल्फाज़ हैं कुछ अनकहे राज हैं कुछ यादो का तुफां हैं कुछ छलकते अहसास हैं   कभी तिरा साथ हैं कभी गम की रात हैं कभी खिलती आस हैं कभी तन्हा हालात हैं   कुछ मिरे सवाल हैं कुछ तिरे अनकहे जवाब हैं कुछ इक मिरा जिद्दी राग हैं कुछ तिरा दिया तिरस्कार हैं   कभी तिरा करीब आना हैं कभी रुसवा हो जाना हैं कभी धीरे से मुस्कुरा जाना हैं कभी पास होकर दूर हो जाना हैं   कुछ कभी ये तो अफसाना हैं कभी मेरा खो जाना हैं कुछ तिरा दूर हो जाना है कभी मिरा अश्क बहाना हैं   ये तो किस्सा हैं बस चलते जाना हैं