यारों तुम रावण बन जाओ, लूटो काटो मारो खाओ राम नाम अब जपो नहीं, श्याम नाम अब भजो नहीं जो मिल जाये अपना समझो, चोरी छिपे बस रखना समझो जहाँ मिले बस माल उडाओ, हर हथकंडे तुम अपनाओ यारों तुम रावण बन जाओ घोटाले भाई खूब करो, माल इधर का उधर करो अरे, जो करो वो सही है समझो, राज बाप का ही है समझो रिश्वत लो, और क्यूँ न लो! अपना भी है कुछ हक़ तो खुद भी खाओ;हमें भी खिलाओ तर्क जरा यह भी बतलाओ यारों तुम रावण बन जाओ घर दूजों का खूब उजाडो, करे जो हल्ला पटक के मारो भाई-भाई को भड़का दो, मज़हब के नाम पे लडवा दो शोषण सबका खूब करो, अरे चूस-चूस घर भरा करो
जिस हद तक हो उस हद तक जाओ, अपनी सम्पदा खूब बढाओ
यारों तुम रावण बन जाओ
अपना बस गिरेबान बचाओ, मित्रों के भी कान कटाओ भेष बदल कर स्वांग रचाओ, आँख हो बंद तब छुरी चलाओ वानर सेना से न डराओ, देश को भईया आग लगाओ ज्यादा हो तो भूल न जाओ, पाप करो और गंगा नहाओ यारों तुम रावण बन जाओ, यारों तुम रावण बन जाओ


