कुछ लड़के नहीं कर पाते हैं चाह

कुछ भी खाने की

मौसम आने पर भी


न पेड़ से तोड़कर आम

न पेड़ से गिरा जामुन

न थैली से निकालकर मूँगफली


इसलिए नहीं कि उन्हें पसन्द नहीं

बल्कि तनाव की कुंडली खा चुकी होती है

उनकी सारी इच्छाओं को


उन्हें दो वक़्त की रोटी में ही दिखता है

आम, जामुन और मूँगफली ।


- शरद अल्फाज़ी