बढ़ते रहो मंजिल की ओर,बाधाओं से टकराते हुए,हमने देखा है लहरों को,पत्थर पे लकीर बनाते हुए।
बढ़ते रहो मंजिल की ओर,बाधाओं से टकराते हुए,
हमने देखा है लहरों को,पत्थर पे लकीर बनाते हुए।