महफ़िल की जुस्तजू किसे है,बस एक तेरा साथ चाहिये।तालियों की गूंज नहीं,हाथों में तेरा हाथ चाहिये।
महफ़िल की जुस्तजू किसे है,बस एक तेरा साथ चाहिये।
तालियों की गूंज नहीं,हाथों में तेरा हाथ चाहिये।