मजबूत जड़ ।
तू मजबूत कर अपनी जड़।
तू खुदके लिए पढ़,
किताबें पढ़, समाज पढ़, लोगों को पढ़।
तू मजबूत कर अपनी जड़।
आएगी कई मुश्किलें,
तू उनका सामना कर,
संयम से कर,धीरज से कर,डटकर कर,
तू मजबूत कर अपनी जड़।
तुझे कई लोग मिलेंगे,
तुम्हारे निर्णयों पर प्रश्न चिन्ह उपस्थित करेंगे,
तू उनकी सुन ,उनका आदर कर,पर अपने मन की कर।
तू मजबूत कर अपनी जड़।
अपनी नाव का तु खुद मल्लाह बन,
खौलता हुआ दरिया धीरे धीरे पार कर,
खुदपर विश्वास कर।
तू मजबूत कर अपनी जड़।
तू आगे बढ़,
बढ़ता चल,
नए अनुभव कर,
तू मजबूत कर अपनी जड़।
- समीर


