एक रास्ता है जिंदगी
चलना संभल संभल के
मंजिल पर नजर रखना
कहीं गिर ना जाओ फिसल के ।
सफर बहुत है लंबा
बाधाएं भी बहुत है
कहीं कांटे ही कांटे पथ में
कहीं फूल भी नही होंगे
चलते ही जाना सबको
कभी सफर कम ना होंगे ।
रुक जाना नहीं चलते ही रहना
पांव थक जाए तो भी मंजिल पर
बढ़ते रहना ।।


