रिश्ते उन्हीं से रखो जो वक्त बदलने परसहयोग और प्यार दिखाएंऔकात नहीं ।जो रिश्ते औकात देखकर रखेजाते हैंवो रिश्ते छलावा होते हैंजो वक्त पर ना काम आते हैंना कायम रहते हैं ।।
रिश्ते उन्हीं से रखो जो वक्त बदलने पर
सहयोग और प्यार दिखाएं
औकात नहीं ।
जो रिश्ते औकात देखकर रखे
जाते हैं
वो रिश्ते छलावा होते हैं
जो वक्त पर ना काम आते हैं
ना कायम रहते हैं ।।