फूल बनकर सदा मुस्कराते

रहो

हर ग़म को दिल में छिपा कर

सबमें खुशियां बांटते रहो

ना कोई एहसास दिल में सजाओ

तुम

जिससे आंखों में आंसू आए कभी

जिंदगी चार दिन कहानी है

हर पल यूं ही मुस्कराते रहो ।

कोई गम जिंदगी की लकीरों से

ना बड़ी

घड़ी दो घड़ी इनसे ना विचलित

बनो

वक्त के हाथों में सब कुछ सही

अपने में विश्वास को ना खोना

कभी

फूल बनकर सदा मुस्कराते रहो ।।