घर से निकल और एक डग भर,
अपने लक्ष्य का आगाज तो कर,
यकीनन मिलेगी मंजिल तुझे,
बस तूं एक कोशिश तो कर।
मंजिल की राह में बाधाएं हैं अगर,
तो उनसे ना घबराना मगर,
यकीनन मिलेगी मंजिल तुझे,
बस तूं एक कोशिश तो कर।
रख हौसला और विश्वास तो कर,
इन तुफां और आंधियों से ना डर,
यकीनन मिलेगी मंजिल तुझे,
बस तूं एक कोशिश तो कर ।
ऋषियों सा तो ध्यान तूं धर,
लक्ष्य कि पहचान तो कर,
फिर जो चाहता है वह मिलेगा,
जिसका रहा इंतजार तूं कर।
राजा की इस बात पर यार,
एक बार तूं गौर तो कर ,
यकीनन मिलेगी मंजिल तुझे,
बस तू एक बार कोशिश तो कर।
Sachin khatri (raja)


