फूल तुम्हें भेजा हैं हमनें,
रख लेना तुम उसे अपने पास।
सहेज लेना अपनी किताब में,
कर लेना फिर हमको याद।
समय निकाल तुम कभी-कभी,
देखा करना उस फूल को।
खोल कर अपनी किताब को,
भर देना दिल के ज़ज़्बात।
फूल तुम्हें भेजा है हमनें,
रख लेना तुम उसे अपने पास।
हाथों से अपने तुम छूना, उसकी नाजुक पंखुड़ियाँ
याद तुम्हें तब आएंगी हमारी सारी स्मृतियां।
देख फूल को तुम हल्का सा होंठ हिला मुस्कुरा देना,
जब याद मेरी तुम्हें सताए नयनन नीर बहा देना।
फूल तुम्हें भेजा है हमनें,
रख लेना तुम उसे अपने पास।
सहेज लेना अपनी किताब में,
कर लेना फिर हमको याद।


