चाँद तारों की ख्वाहिश कब की हमने,तुम मिलो तो ये जहान मिले...!- रुचि सिंह
चाँद तारों की ख्वाहिश कब की हमने,तुम मिलो तो ये जहान मिले...!
- रुचि सिंह