जीतने वालों को ही विश्वास होता है
कि वो जीत जायेंगे
परिस्थितियां कैसी भी हो , वो परिस्थितियों को
अपने वश में कर लेते है
दो कदम पीछे मुड़ने को उनका असफल होना
न समझिए
दो कदम के बाद वो विजय हासिल करने के
लिए ही छलांग लगाते है।
राजयोग
दरिया को नदियों की ख्वाहिश है
और लहरें किनारे तलाशती है
नदियां दरिया की ओर चली आती हैं
लहरें किनारों की ओर चली जाती है
नदियां दरिया में मिल अपना अस्तित्व खोती हैं
लहरें किनारों से मिल अपना वेग खोती है
राजयोग
गर झुकने से ही
मसले हल हो पाते
तो क्या धरती पर
कोई युद्ध हो पाते
युद्धों की विध्वंस्ता
बताती है कि
किरदारों को कत्ल से
बचाने के खातिर
इंसानियत को कत्ल
कर दिया गया
बुद्ध और महावीर की धरती
को हैवानियत से भर दिया गया ।
राजयोग
