हर रात मैं एक ख्वाब लिखती हूं
उन ख्वाबों में कुछ बात लिखती हूं
उन बातों में आपका साथ, आपकी ही बात लिखती हूं

हर रात मैं एक ख्वाब लिखती हूं
ख्वाब में वो एक ख़त कि जो आपने मुझे लिखा ही नहीं
मैं रोज बैठ के उसका जवाब लिखती हूँ..

हर रात मैं एक ख्वाब लिखती हूं
उन ख्वाबों में ख्वाहिशें हज़ार, प्यार बेशुमार लिखती हूं