खोया नौजवान

तू खुद की तलाश कर, मुश्किलों को हताश कर ;

उज्जवल है भविष्य तेरा, यूं ना इसको I कर I

जो मुश्किलें हैं सामने, समझ इसको अंत तू;

डट जा इसके सामने, बना ले इसको शस्त्र तू I

मेधा है जब उन्नत तेरा, बना है क्यूं मुलाजिम तू;

तोड़ दे यह बेड़ियां, कर खुद को बुलंद तू I

साक्षी है यह जमाना, जो गिरता है वह उभरता है;

तू खुद को निखार ले, तू खुद को संवार ले I

भ्रम है अगर तेरा, निर्णायक है जमाना मेरा;

बना तू अपना रास्ता, इस मिथ्या पर प्रहार कर I

व्यर्थ नहीं यह जन्म तेरा, इसको तू साकार कर;

हौसले को कर इतना प्रचंड, जो जीवन को नई आकार दे I

चल उठ खुद की तलाश कर, मुश्किलों को हताश कर;

उज्जवल है भविष्य तेरा, यूं ना इसको I कर

यूं ना इसको I कर……

:- अमरजीत कुमार

(बी.टेक. NIT JAMSHEDPUR)