जन्म देने वाले
चाहे हों कितने मजबूर
करके त्याग वे भरपूर
भेज देते हैं संतानों को
अपने से बेहद दूर
पाने को शिक्षा और ज्ञान

मगर अफ़सोस कि
आधुनिक संवेदनहीन संतान
पाते ही पद, प्रतिष्ठा, मान
दिखाने लगते हैं झूठी शान
हो जाते हैं अक्सर ही
बूढ़े माँ-बाप से अंजान

- अभिषेक